
Mumbai , 30 मार्च . हिंदी सिनेमा की दुनिया में कई सितारे ऐसे हैं, जो अपनी कला और किस्सों के चलते लोगों के बीच हमेशा बने रहते हैं. मीना कुमारी उन्हीं सितारों में से एक थीं. वह सिर्फ अपने दमदार अभिनय के लिए ही नहीं, बल्कि अपनी निजी जिंदगी के अनसुने और दिलचस्प किस्सों के लिए भी जानी जाती हैं.
31 मार्च को उनकी पुण्यतिथि के मौके पर हम उनके Madhya Pradesh के बीहड़ इलाके से जुड़े एक किस्से के बारे में बताएंगे, जहां एक रात उनके साथ कुछ ऐसा हुआ, जिसे सुनकर आज भी लोग हैरान रह जाते हैं.
मीना कुमारी की जीवनी ‘मीना कुमारी- ए क्लासिक बायोग्राफी’ के मुताबिक, यह घटना उस समय की है जब मीना कुमारी अपने पति और फिल्म निर्माता कमाल अमरोही के साथ शूटिंग के सिलसिले में यात्रा कर रही थीं. बताया जाता है कि Madhya Pradesh के शिवपुरी इलाके से गुजरते समय उनकी कार का पेट्रोल अचानक खत्म हो गया. चारों तरफ सन्नाटा था, दूर-दूर तक कोई नहीं था और रात भी हो चुकी थी. ऐसे में उन्होंने वहीं रुककर सुबह होने का इंतजार करने का फैसला किया. लेकिन उन्हें इस बात का अंदाजा नहीं था कि यह इलाका उस समय डाकुओं के लिए कुख्यात माना जाता था.
रात करीब दो बजे अचानक कुछ हथियारबंद लोग वहां पहुंचे और उन्होंने गाड़ियों को घेर लिया. माहौल एकदम तनावपूर्ण हो गया. पहले तो सभी को लगा कि अब लूटपाट हो सकती है. लेकिन जैसे ही उन लोगों को यह पता चला कि गाड़ी में बैठी महिला मशहूर Actress मीना कुमारी हैं, उनके तेवर बदल गए. डाकुओं का व्यवहार अचानक नरम हो गया और उन्होंने पूरी टीम के साथ सम्मानजनक बर्ताव करना शुरू कर दिया.
बताया जाता है कि डाकुओं के सरदार ने मीना कुमारी और उनकी टीम को अपने ठिकाने पर ले जाकर उनके खाने-पीने और आराम का पूरा इंतजाम किया. रात का जो माहौल डर से भरा था, वह धीरे-धीरे एक अजीब सी मेहमाननवाजी में बदल गया. लेकिन इस कहानी का सबसे चौंकाने वाला मोड़ अभी बाकी था.
जब सुबह होने लगी और मीना कुमारी अपनी टीम के साथ वहां से निकलने लगीं, तभी उस डाकू सरदार ने उनके सामने एक अजीबोगरीब मांग रख दी. वह अपने हाथ में एक नुकीला चाकू लेकर आया और उसने कहा कि वह उनका बहुत बड़ा फैन है और चाकू से हाथ पर उनका ऑटोग्राफ चाहता है. यह सुनकर मीना कुमारी एक पल के लिए घबरा गईं. स्थिति बेहद असामान्य थी, लेकिन माहौल को देखते हुए उन्होंने हिम्मत दिखाई और जैसे-तैसे उस डाकू के हाथ पर चाकू से ऑटोग्राफ दे दिया.
बाद में जब मीना कुमारी और उनकी टीम वहां से आगे बढ़ी और सुरक्षित जगह पहुंची, तब उन्हें पता चला कि वह व्यक्ति कोई साधारण डाकू नहीं, बल्कि उस समय का कुख्यात डाकू अमृत लाल था. मीना कुमारी की जिंदगी ऐसे ही अनगिनत किस्सों से भरी रही.
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पीके/एएस