Friday , 30 October 2020

RBI ने अपनी आय का 44 फीसदी सरकार को किया ट्रांसफर


नई दिल्ली (New Delhi) . पूर्व वित्त सचिव एससी गर्ग ने कहा कि भारतीय रिजर्व बैंक (Bank) (आरबीआई (Reserve Bank of India) ) ने अपनी अधिशेष या आय का केवल 44 प्रतिशत राशि ही केंद्र को ट्रांसफर किया है. प्रतिशत के हिसाब से यह पिछले सात साल में सबसे कम है. आरबीआई (Reserve Bank of India) बोर्ड ने लेखा वर्ष 2019-20 (जुलाई-जून) के लिए केंद्र सरकार (Government) को 57,128 करोड़ रुपए हस्तांतरित करने को मंजूरी इसी माह दी है.

जब आरबीआई (Reserve Bank of India) और वित्त मंत्रालय के बीच अधिशेष राशि के हस्तांतरण और आर्थिक पूंजी रूपरेखा (ईसीएफ) को लेकर विवाद हुआ था, गर्ग उस समय वित्त सचिव थे. गर्ग ने ट्विटर पर लिखा है ‎कि आरबीआई (Reserve Bank of India) को 2019-20 में 1497 अरब रुपए की बचत हुई. उसने अपने पास 736 अरब रुपए रखा जबकि सरकार (Government) को 571 अरब रुपए (केवल 44 प्रतिशत) ट्रांसफर किए. यह पिछले सात साल में सबसे कम हस्तांतरण है और आरबीआई (Reserve Bank of India) ने सर्वाधिक राशि अपने पास रखी. उन्होंने एक अन्य ट्वीट में कहा ‎कि कुल आय 1497 अरब रुपए, बचत 1307 अरब रुपए, बचत का बंटवारा, अपने पास रखे 736 अरब रुपए सरकार (Government) को दिए. वर्ष 2018-19 में आरबीआई (Reserve Bank of India) की आय 1,93,036 करोड़ रुपए थी, जबकि इससे पूर्व वित्त वर्ष 78,281 करोड़ रुपए थी.

आरबीआई (Reserve Bank of India) के केंद्रीय बोर्ड ने अगस्त 2019 में सरकार (Government) को 1,76,051 करोड़ रुपए हस्तांतरित करने को मंजूरी दी थी. इसमें 2018-19 का 1,23,414 करोड़ रुपए अधिशेष तथा 52,637 करोड़ रुपए संशोधित आर्थिक पूंजी नियम के तहत अतिरिक्त पाई गई राशि सरकार (Government) को दी गई. अतिरिक्त राशि का अंतरण जालान समिति की सिफारिशों के अनुरूप था.