Monday , 30 November 2020

पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी की जयंती प्यारी दादी के रूप में याद करता हूं : राहुल गांधी

नई दिल्ली (New Delhi) .भारत की पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी की आज जयंती है. इस मौके पर कांग्रेस सांसद (Member of parliament) राहुल गांधी ने उन्हें अपनी श्रद्धांजलि अर्पित की है. सोशल मीडिया (Media) के जरिए उन्हें याद करते हुए राहुल गांधी ने लिखा, ‘एक कार्यकुशल प्रधानमंत्री और शक्ति स्वरूप मती इंदिरा गांधी जी की जयंती पर श्रद्धांजलि. पूरा देश उनके प्रभावशाली नेतृत्व की आज भी मिसाल देता है लेकिन मैं उन्हें हमेशा अपनी प्यारी दादी के रूप में याद करता हूँ. उनकी सिखायी हुई बातें मुझे निरंतर प्रेरित करती हैं.

वहीं, केंद्रीय मंत्री मुख्ताक अब्बास नकवी ने भी इंदिरा गांधी को अपनी श्रद्धांजलि अर्पित की है. उन्होंने अपने ट्वीट में लिखा, ‘भारत की पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी जी की जयंती पर उन्हें श्रद्धासुमन. पंडित जवाहर लाल नेहरु की बेटी इंदिरा गांधी का जन्म 19 नवम्बर 1917 को एक प्रतिष्ठित परिवार में हुआ था. उन्होंने इकोले नौवेल्ले, बेक्स (स्विट्जरलैंड), इकोले इंटरनेशनेल, जिनेवा, पूना और बंबई में स्थित प्यूपिल्स ओन स्कूल, बैडमिंटन स्कूल, ब्रिस्टल, विश्व भारती, शांति निकेतन और समरविले कॉलेज, ऑक्सफोर्ड जैसे प्रमुख संस्थानों से शिक्षा प्राप्त की.

उन्हें विश्व भर के सर्वश्रेष्ठ विश्वविद्यालयों द्वारा डॉक्टरेट की उपाधि से सम्मानित किया गया था. बचपन में उन्होंने ‘बाल चरखा संघ’ की स्थापना की और असहयोग आंदोलन के दौरान कांग्रेस पार्टी की सहायता के लिए 1930 में बच्चों के सहयोग से ‘वानर सेना’ का निर्माण किया. सितम्बर 1942 में उन्हें जेल में डाल दिया गया. 1947 में इन्होंने गांधी जी के मार्गदर्शन में दिल्ली के दंगा प्रभावित क्षेत्रों में कार्य किया. उन्होंने 26 मार्च 1942 को फ़िरोज़ गांधी से विवाह किया. उनके दो बेटे थे, राजीव और संजय गांधी. 1955 में इंदिरा गांधी कांग्रेस कार्य समिति और केंद्रीय चुनाव समिति की सदस्य बनी.

1958 में उन्हें कांग्रेस के केंद्रीय संसदीय बोर्ड के सदस्य के रूप में नियुक्त किया गया. वे एआईसीसी के राष्ट्रीय एकता परिषद की उपाध्यक्ष और 1956 में अखिल भारतीय युवा कांग्रेस और एआईसीसी महिला विभाग की अध्यक्ष बनीं. वे वर्ष 1959 से 1960 तक भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस की अध्यक्ष रहीं. जनवरी 1978 में उन्होंने फिर से यह पद ग्रहण किया. वह 1966-1964 तक सूचना और प्रसारण मंत्री रहीं. इसके बाद जनवरी 1966 से मार्च 1977 तक वह भारत की प्रधानमंत्री रहीं. साथ-ही-साथ उन्हें सितम्बर 1967 से मार्च 1977 तक के लिए परमाणु ऊर्जा मंत्री बनाया गया.

उन्होंने 5 सितंबर 1967 से 14 फ़रवरी 1969 तक विदेश मंत्रालय का अतिरिक्त प्रभार संभाला. इंदिरा गांधी ने जून 1970 से नवंबर 1973 तक गृह मंत्रालय (Home Ministry) और जून 1972 से मार्च 1977 तक अंतरिक्ष मामले मंत्रालय का प्रभार संभाला. जनवरी 1980 से वह योजना आयोग की अध्यक्ष रहीं. 14 जनवरी 1980 में वे फिर से प्रधानमंत्री बनीं. 31 अकूटबर 1984 को उनकी हत्या (Murder) कर दी गई.