Friday , 14 May 2021

केवल गंभीर मरीजों को ही लगेंगे रेमडेसिविर इंजेक्शन

छिंदवाड़ा (Chhindwara) जबलपुर (Jabalpur) . जिले में बढ़ते कोरोना संक्रमण के चलते रेमडेसिविर इंजेक्शन की मांग भी बहुत बढ़ गई है. आवश्यकता के अनुपात में इसकी आपूर्ति नहीं हो पा रही है. इसको लेकर आईएमए ने तय किया है कि केवल गंभीर मरीजों को ही ये इंजेक्शन लगेंगे और दवा विक्रेताओं को इसके क्रय-विक्रय का रिकार्ड भी रखना होगा. इतना ही नहीं इंजेक्शन प्रिस्क्राइब करने वाले डॉक्टर (doctor) को पर्ची नहीं बल्कि अपने पदनाम और डिग्री सहित बनाए गए लेटर पेड पर इसकी अनुशंसा करनी होगी जिसका भी रिकार्ड रखा जाएगा.

जिला महामारी (Epidemic) नियंत्रण अधिकारी डॉ.सुशील राठी की अध्यक्षता में मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी कार्यालय के सभाकक्ष में इंडियन मेडिकल एसोसिएशन छिंदवाड़ा (Chhindwara) के पदाधिकारियों, दवा विक्रेता संघ के पदाधिकारियों और विषय-विशेषज्ञों की बैठक में यह फैसला लिया गया है. बैठक में ड्रग्स इंस्पेक्टर विवेकानंद यादव और जिला स्वास्थ्य मीडिया (Media) अधिकारी डॉ.प्रमोद वासनिक सहित इंडियन मेडिकल एसोसिएशन के पदाधिकारी, दवा विक्रेता संघ के पदाधिकारी और विषय-विशेषज्ञ उपस्थित थे.

मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ.जी.सी.चौरसिया ने बताया कि बैठक में यह आम सहमति बनी कि जिले के सभी शासकीय अथवा निजी चिकित्सक या अस्पताल कोरोना (Corona virus) के संक्रमण से गंभीर रूप से बीमार मरीजों के लिये ही रेम्डेसिविर इंजेक्शन का सीमित मात्रा में इमरजेंसी (Emergency) में ही उपयोग करेंगे और मरीज की इमरजेंसी (Emergency) कंडीशन का रिकॉर्ड संधारण करेंगे. जिले के सभी दवा दुकानदार रेम्डेसिविर इंजेक्शन के क्रय व विक्रय का सम्पूर्ण रिकॉर्ड संधारण करेंगे.

फेविपिराविर टेबलेट का भी करें उपयोग

कोरोना के कम संक्रमण वाले मरीजों को फेविपिराविर टेबलेट दी जा सकती है जो जिले के मेडिकल स्टोर्स पर आसानी से उपलब्ध है. वर्तमान में यह देखने में आया है चिकित्सकों दवारा ऐसे मरीज जिनका एचआरसीटी चेस्ट स्कोर कम है और ब्लड ऑक्सीजन सेचुरेशन 92 प्रतिशत से ज्यादा है, उन्हें भी रेम्डेसिविर इंजेक्शन प्रिसक्राइव किया जा रहा है, जबकि ऐसे मरीज होम आइसोलेशन किट में उपलब्ध औषधियों और आवश्यकता पड़ने पर फेविपिराविर टेबलेट के उपयोग से ही ठीक हो रहे हैं.

गाइडलाइन के आधार पर लगेंगे इंजेक्शन

रेमडेसिविर इंजेक्शन के लिए स्वास्थ्य मंत्रालय की गाइडलाइन तय है. मंत्रालय द्वारा कोरोना (Corona virus) से संक्रमित मरीजों के उपचार में रेम्डेसिविर इंजेक्शन के लिये केवल सीमित इमरजेंसी (Emergency) उपयोग की अनुमति दी गयी है, जिसका उपयोग हॉस्पिटल अथवा संस्थागत भर्ती मरीजों के लिये भी किया जाना है. मंत्रालय की जारी अपडेटेड क्लिनिकल मैनेजमेंट प्रोटोकॉल फॉर कोविड-19 (Covid-19) का पालन करते हुए ही किया जाएगा. साथ ही

यह औषधि मरीज को किस इमरजेंसी (Emergency) कंडीशन में दी गयी है, उसका रिकॉर्ड संधारित किया जाए तथा चिकित्सक द्वारा लिखे गए प्रिक्रिप्सन पर इमरजेंसी (Emergency) कंडीशन को अंकित किया जाये.

Please share this news