बिहार में नीतीश कुमार के रहते मुसलमान सुरक्षित हैं : नीरज कुमार

पटना, 5 अप्रैल . लोकसभा और राज्यसभा में वक्फ संशोधन बिल के समर्थन को लेकर विपक्षी दल लगातार जेडीयू को निशाने पर ले रहे हैं. इस बीच, जेडीयू प्रवक्ता नीरज कुमार ने पार्टी के फैसले का बचाव किया. उन्होंने कहा कि बिहार के मुसलमान जानते हैं कि जब तक नीतीश कुमार हैं, वे सुरक्षित हैं.

जेडीयू के मुख्य प्रवक्ता नीरज कुमार ने वक्फ संशोधन विधेयक के मुद्दे पर से बात करते हुए कहा, “एक राजनीतिक साजिश के तहत जेडीयू नेताओं की छवि खराब करने का प्रयास हो रहा है. सच को जानना चाहिए, क्योंकि ऐसे नेताओं के बारे में नेशनल मीडिया तक में अफवाह फैलाई जा रही है, जो नेता पहले ही कांग्रेस में शामिल हो चुके हैं. उनको भी जेडीयू का बताया जा रहा है. मीडिया में पार्टी नेताओं को लेकर जो भी खबरें चलाई जा रही हैं, वे सब फर्जी हैं.”

उन्होंने आगे कहा, “बिहार का मुसलमान जानता है कि जब तक नीतीश कुमार हैं, वे सुरक्षित हैं. नीतीश कुमार के रहते उनके लिए तालीम की व्यवस्था है और बिहार में अमन-चैन है. नीतीश कुमार के रहते कोई भी मुसलमान की जमीन को अपने नाम नहीं लिखवा पाएगा. क्या बिहार में लालू प्रसाद का राज है? मैं बताना चाहता हूं कि उनके राज में प्रदेश के अंदर 12 सांप्रदायिक दंगे हुए थे. सीतामढ़ी के दंगों में सिर्फ 48 लोग मारे गए थे. उन दंगाइयों के खिलाफ क्या कार्रवाई हुई? तेजस्वी यादव को बताना चाहिए कि कौन लोग जेल में बंद हैं? नीतीश कुमार के राज में वक्फ की जमीन से लेकर मंदिर तक सभी महफूज रहेंगे.”

संसद के दोनों सदनों में वक्फ संशोधन बिल के पास होने के बाद जेडीयू के कई मुस्लिम नेताओं ने पार्टी छोड़ दी है, जिनमें अल्पसंख्यक प्रकोष्ठ के कई पदाधिकारी शामिल हैं.

वक्फ संशोधन विधेयक पारित होने के बाद राजद नेता मृत्युंजय तिवारी ने बिहार के सीएम नीतीश कुमार पर सवाल उठाए थे. उन्होंने कहा कि बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के नेतृत्व में जदयू और अन्य दल इस विधेयक के पास होने से एक्सपोज हो चुके हैं. नीतीश कुमार, जो खुद के सेक्युलर होने का दावा कर रहे थे, वह एक्सपोज हो चुके हैं. एनडीए में शामिल सहयोगी दल अब कोई पार्टी नहीं, बल्कि भाजपा के प्रकोष्ठ बनकर रह गए हैं. किसी भी समय भाजपा में विलय हो सकता है.

एफएम/केआर