Saturday , 5 December 2020

जीएसटी कटौती नहीं चाहती मारुति सुजुकी


मुंबई (Mumbai) . कोविड-19 (Covid-19) महामारी (Epidemic) से बेहाल ऑटो इंडस्ट्री सरकार (Government) से जीएसटी दरों में कटौती की मांग कर रही है लेकिन देश की प्रमुख कार कंपनी मारुति सुजुकी इंडिया (एमएसआई) ने कहा है कि यात्री वाहनों पर वस्तु एवं सेवा कर (जीएसटी) में तत्काल कटौती की कोई जरूरत नहीं है. कंपनी ने कहा कि अगले कुछ महीनों के लिए मांग अच्छी दिख रही है, ऐसे में सरकार (Government) को अभी जीएसटी में कटौती करने की जरूरत नहीं है.

यात्री वाहन बाजार में मारुति की बाजार हिस्सेदारी करीब 50 प्रतिशत है. कंपनी का कहना है कि यदि भविष्य में मांग कमजोर पड़ती है, तो सरकार (Government) जीएसटी में राहत देने पर विचार कर सकती है. एमएसआई के चेयरमैन आरसी भार्गव ने कहा ‎कि उद्योग ने दूसरी तिमाही में काफी अच्छा प्रदर्शन किया है. मुझे नहीं लगता कि मांग की कमी की वजह से किसी की बिक्री प्रभावित हुई है. विभिन्न अड़चनों के बाद अभी उत्पादन क्षमता पर काम चल रहा है. यदि मैं सरकार (Government) में होता, ऐसे समय जबकि मांग की कमी नहीं है, किसी तरह की राहत देना अनावश्यक होगा. यदि मांग में गिरावट आती है, और ऐसा लगता है यह अस्थायी नहीं है, तब सरकार (Government) को कदम उठाने की जरूरत होगी.

मारुति के चेयरमैन ने कहा ‎कि यदि कंपनी जो उत्पादन कर रही है, जीएसटी में कटौती के बाद यदि मांग 30 प्रतिशत बढ़ जाती है, तो कंपनी के पास बेचने के लिए कार नहीं होगी. उद्योग को जीएसटी में कटौती के लिए कब तक इंतजार करना चाहिए1 भार्गव ने कहा ‎कि मुझे नहीं पता कि आगामी महीनों में मांग की स्थिति क्या रहेगी. उपभोक्ता मांग और बाजार की स्थिति क्या होगी. उल्लेखनीय है कि कई वाहन कंपनियां बाजार को सुस्ती से उबारने के लिए जीएसटी में कटौती की मांग कर रही हैं. टाटा मोटर्स के अध्यक्ष शैलेश चंद्रा कह चुके हैं कि जीएसटी में कटौती के रूप में सरकार (Government) की ओर से किसी तरह के समर्थन से पूरे यात्री वाहन खंड को लाभ होगा.