महज 9 वर्षों में वीजा को पीछे छोड़ यूपीआई बना दुनिया का टॉप रियल टाइम पेमेंट सिस्टम : ज्योतिरादित्य सिंधिया

New Delhi, 14 जुलाई . भारत के संचार एवं सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने Monday को कहा कि यूनिफाइड पेमेंट्स इंटरफेस (यूपीआई) अब दुनिया का टॉप रियल टाइम पेमेंट सिस्टम बन चुका है.

Union Minister सिंधिया ने social media प्लेटफॉर्म एक्स पर कहा, “भारत का डिजिटल पावरहाउस यूपीआई दुनिया भर में रियल टाइम पेमेंट सिस्टम को लेकर पहले पायदान पर पहुंच चुका है, जो कि Prime Minister Narendra Modi के नेतृत्व में एक और परिवर्तनकारी उपलब्धि है.”

Union Minister सिंधिया ने यूपीआई की इस उपलब्धि को एक इंफोग्राफिक के साथ दर्शाया है. Union Minister द्वारा साझा किए गए यूपीआई आंकड़ों के अनुसार, 650.26 मिलियन डेली ट्रांजैक्शन काउंट के साथ यूपीआई ने वीजा को भी पीछे छोड़ दिया है, जहां वीजा के लिए यह आंकड़ा 639 मिलियन दर्ज किया गया है.

उन्होंने जानकारी देते हुए बताया कि यूपीआई का इस्तेमाल वर्तमान में 7 देशों में होता है, जिनमें सिंगापुर, संयुक्त अरब अमीरात (यूएई), फ्रांस, भूटान, नेपाल, श्रीलंका और मॉरीशस शामिल है. इसके अलावा, कुछ अन्य देश भी यूपीआई को अपनाने को लेकर साझेदारी आगे बढ़ाने पर विचार कर रहे हैं.

इससे पहले नीति आयोग के पूर्व सीईओ अमिताभ कांत ने यूपीआई की सराहना करते हुए कहा कि यूपीआई Prime Minister Narendra Modi सरकार की सबसे महत्वपूर्ण उपलब्धियों में से एक है और इसने नागरिकों के जीवन को बदल दिया है.

पिछले दिनों अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष (आईएमएफ) के एक नोट में भी इस बात पर जोर दिया गया था कि इंटीग्रेटेड पेमेंट इंटरफेस (यूपीआई) बेस्ड डिजिटल पेमेंट को व्यापक रूप से अपनाने के कारण भारत अब दुनिया के किसी भी अन्य देश की तुलना में तेज भुगतान करता है.

यूपीआई की शुरुआत 2016 में भारतीय राष्ट्रीय भुगतान निगम (एनपीसीआई) द्वारा की गई थी, जिसके बाद से ही यूपीआई का तेजी से विकास हुआ है. ‘ग्रॉइंग रिटेल डिजिटल पेमेंट्स : द वैल्यू ऑफ इंटरऑपरेबिलिटी’ शीर्षक वाले नोट के अनुसार, यूपीआई अब प्रति माह 18 अरब से ज्यादा लेनदेन प्रोसेस करता है और भारत में दूसरे इलेक्ट्रॉनिक रिटेल पेमेंट सिस्टम पर भी हावी है.

एसकेटी/