Friday , 14 May 2021

अनशन पर बैठीं जगन की बहन शर्मिला को जबरन घर पहुंचाया गया

हैदराबाद . आंध्र प्रदेश (Andra Pradesh)(एकीकृत) के पूर्व मुख्यमंत्री (Chief Minister) दिवंगत वाई एस राजशेखर रेड्डी की पुत्री और आंध्र के मौजूदा मुख्यमंत्री (Chief Minister) वाई एस जगन मोहन रेड्डी की बहन वाई एस शर्मिला को समय सीमा के उल्लंघन के आरोप में पुलिस (Police) ने जबरन लोटस पाउंड स्थित उनके निवास स्थान पर पहुंचा दिया. शर्मिला बेरोजगारों के लिए सरकारी नौकरी की अधिसूचना की मांग को लेकर यहां इंदिरा पार्क स्थित धरना चौक पर अनशन पर बैठीं थीं.

sharmila-police

शर्मिला ने राज्य में बेरोजगारी की समस्याओं को उजागर करने के लिए गुरुवार (Thursday) से 72 घंटों के अनशन करने की अनुमति देने का अनुरोध किया था. लेकिन शहर की पुलिस (Police) ने गुरुवार (Thursday) को सुबह 10 बजे से शाम पांच बजे तक धरना चौक पर अनशन करने की अनुमति प्रदान की थी.

शाम पांच बजे की समय सीमा खत्म होने के बावजूद अपनी अनशन जारी रखने की कोशिश के प्रयास से 47 वर्षीया शर्मिला को पुलिस (Police) ने रोकने का प्रयास किया. पुलिस (Police) ने अनशन जारी रखने के अनुरोध को मानने से साफ इंकार कर दिया.

पुलिस (Police) ने कहा कि सचिवालय फ्लाईओवर के पास से उस समय सु शर्मिला को हिरासत में लिया गया जब वह जुबली हिल्स स्थित अपने घर लोटस पॉन्ड जाने के लिए पदयात्रा कर रही थी.

पुलिस (Police) ने शर्मिला के अनुयायियों को तितर-बितर करने के बाद, उसे लोटस पॉन्ड में उसके घर पर छोड़ दिया, जहां उन्होंने अपना विरोध जारी रखा. भूख हड़ताल में शर्मिला की मां विजयम्मा, पूर्व विधायक आर.कृष्णैया, वरिष्ठ पत्रकार के श्रीनिवास रेड्डी और विभिन्न लोग शामिल थे जिनमें उस्मानिया और काकतीय विश्वविद्यालय के छात्र (student) भी शामिल थे.

इससे पहले अनशन स्थल पर सु शर्मिला ने कहा कि विभिन्न सरकारी विभागों में 1.91 लाख नौकरी की रिक्तियां हैं और घोषणा की कि वह तब तक अपनी हड़ताल जारी रखेंगी जब तक सरकार नौकरी की अधिसूचना जारी नहीं करती. उन्होंने तेलंगाना की टीआरएस सरकार पर खाली पड़े रिक्त पदों को भरने में पूरीतरह विफल रहने का आरोप भी लगाया.


News 2021

Please share this news