भारत-यूरोप व्यापार समझौता गेम-चेंजर साबित होगा: सीएम सरमा

दावोस, 21 जनवरी . असम के Chief Minister हिमंत बिस्वा सरमा ने कहा है कि India और यूरोपीय संघ (ईयू) के बीच प्रस्तावित व्यापार समझौता दोनों पक्षों के लिए एक गेम-चेंजर साबित होगा. उन्होंने कहा कि India और ईयू के बीच मजबूत और भरोसेमंद संबंध हैं तथा विभिन्न क्षेत्रों में सहयोग लगातार बढ़ रहा है.

विश्व आर्थिक मंच (डब्ल्यूईएफ) की वार्षिक बैठक के दौरान से बातचीत में Chief Minister सरमा ने कहा कि भारतीय कंपनियों को अलग-अलग वैश्विक बाजारों तक पहुंच की जरूरत है, जिसे भारत-ईयू व्यापार समझौते के जरिए पूरा किया जाएगा.

उन्होंने कहा, “यूरोप India को एक भरोसेमंद साझेदार के रूप में देखता है. यह हाल के दिनों में यूरोपीय संघ के नेतृत्व के बयानों से स्पष्ट है. ईयू के वक्तव्यों में भी India को एक प्रमुख वैश्विक निवेश केंद्र के रूप में उभरते हुए बताया गया है. India की स्थिर नीतियां और तेज़ी से बढ़ती अर्थव्यवस्था यूरोपीय निवेश और साझेदारियों को आकर्षित कर रही हैं.”

भारत-ईयू शिखर सम्मेलन 27 जनवरी को प्रस्तावित है. यह बैठक ऐसे समय में हो रही है जब वैश्विक बाजारों में अमेरिका के टैरिफ से जुड़ी उथल-पुथल और भू-Political बदलावों के कारण अनिश्चितता बनी हुई है.

Chief Minister सरमा ने बताया कि अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष (आईएमएफ) ने हाल ही में India की विकास दर के अनुमान को संशोधित करते हुए वित्त वर्ष 2025-26 के लिए इसे 7.3 प्रतिशत बताया है.

उन्होंने कहा, “India जल्द ही सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) के लिहाज से दुनिया की तीसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बन जाएगा. इसके अलावा हमारे पास कई अन्य ताकतें भी हैं.”

सरमा ने कहा कि India एक परिपक्व लोकतंत्र है, जहां नीतियों में निरंतरता और धैर्य है. उन्होंने कहा, “अगर एक-दो रणनीतियां सफल नहीं भी होती हैं, तो चिंता की बात नहीं है. हम अन्य बाजारों की ओर रुख कर सकते हैं. हमारी अर्थव्यवस्था मजबूत है और हमारे पास एक बड़ा घरेलू बाजार भी है.”

Chief Minister ने बताया कि यह पहली बार है जब असम का प्रतिनिधिमंडल दावोस आया है. उन्होंने कहा, “हमारी जिम्मेदारी थी कि हम वैश्विक नेताओं के सामने असम को प्रस्तुत करें. लोग हमारी बात सुन रहे हैं और निवेश के लिए प्रतिबद्धता भी जता रहे हैं.”

इससे पहले, Chief Minister सरमा ने कहा था कि असम Government ऑटोमेशन और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) आधारित भविष्य के लिए अपने युवाओं को तैयार कर रही है. उन्होंने बताया कि राज्य अपने युवा जनसांख्यिकीय लाभ का उपयोग करते हुए उद्योग-आधारित कौशल विकास पर विशेष ध्यान दे रहा है.

डब्ल्यूईएफ की एक अन्य बैठक में उन्होंने बताया कि असम किस तरह उभरती तकनीकों और भविष्य की जरूरतों के अनुरूप अपने स्किलिंग इकोसिस्टम को नया रूप दे रहा है.

डीएससी

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