महाराष्ट्र : लातूर में ओलावृष्टि से किसानों की मुश्किलें बढ़ीं, आम की फसल को भारी नुकसान

लातूर, 4 अप्रैल . महाराष्ट्र के लातूर जिले में गुरुवार शाम तेज हवा, बारिश और ओलावृष्टि ने किसानों की परेशानियां बढ़ा दी हैं. इस बेमौसम बारिश से खासतौर पर आम की फसल को भारी नुकसान हुआ है. कुछ इलाकों में अंगूर और सब्जियों की फसलें भी प्रभावित हुई हैं. किसानों ने प्रशासन से मांग की है कि जल्द से जल्द सर्वेक्षण (पंचनामा) कर आर्थिक सहायता प्रदान की जाए.

उल्लेखनीय है कि गुरुवार शाम करीब छह बजे अचानक मौसम बदला, जिसके बाद तेज हवा, बारिश और ओलों की मार से लातूर, औसा, निलंगा, लामजना सहित कई इलाकों में फसलें बर्बाद हो गईं. खेतों में खड़ी फसलें पूरी तरह से ओलों की सफेद चादर में ढंक गईं. किसान खेतों से बर्फ हटाने की कोशिश में लगे रहे.

एक किसान हिमायत पटेल ने बताया, “हमारी आम की पूरी फसल बर्बाद हो गई है. गुरुवार रात आसमान में इतनी तेज बिजली चमकी कि बाहर निकलने की भी हिम्मत नहीं हुई. ओलावृष्टि इतनी भीषण थी कि पूरा खेत तबाह हो गया.”

वहीं, ताहेर अली काझी ने कहा, “ओलों की वजह से हमारे आम के पेड़ झुक गए हैं और अधिकतर फल गिर चुके हैं. इस साल हमें भारी नुकसान हुआ है.”

ओलावृष्टि से फलदार वृक्षों को भारी क्षति पहुंची है. खासतौर पर आम के बागों में फलों को गहरा नुकसान हुआ है. इसके अलावा, अंगूर, टमाटर, बैंगन और अन्य सब्जियों की फसलें भी प्रभावित हुई हैं. कृषि विशेषज्ञों का कहना है कि आने वाले दिनों में भी मौसम खराब रहने की संभावना है, जिससे किसानों की चिंता और बढ़ गई है.

किसानों ने प्रशासन से मांग की है कि जल्द से जल्द सर्वेक्षण कर राहत राशि प्रदान की जाए. वे सरकार से उम्मीद कर रहे हैं कि इस आपदा से उबरने में उन्हें सहायता मिलेगी. बारिश और ओलावृष्टि से लातूर, औसा, निलंगा और लामजना क्षेत्र को काफी नुकसान पहुंचा है.

डीएससी/एकेजे