दिल्ली हाईकोर्ट ने भ्रष्टाचार मामले में सीबीआई अफसर, वकील की जमानत अर्जियों को खारिज किया – Daily Kiran
Saturday , 4 December 2021

दिल्ली हाईकोर्ट ने भ्रष्टाचार मामले में सीबीआई अफसर, वकील की जमानत अर्जियों को खारिज किया

नई दिल्ली (New Delhi) . राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली के हाईकोर्ट ने केन्द्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) के अधिकारी अभिषेक तिवारी और एक वकील की जमानत अर्जियों पर सुनवाई से इंकार कर दिया है. इन लोगों को महाराष्ट्र (Maharashtra) के पूर्व गृह मंत्री अनिल देशमुख के खिलाफ भ्रष्टाचार के एक मामले में जांच एजेंसी की प्रारंभिक जांच रिपोर्ट के कथित रूप से लीक होने के संबंध में गिरफ्तार किया गया था. उच्च न्यायालय ने कहा कि वह राहत देने के लिये इच्छुक नहीं है क्योंकि जांच अभी शुरुआती चरण में है. न्यायालय ने कहा कि यह स्थापित कानून है कि अदालत को न केवल आरोपों की प्रकृति को ध्यान में रखना होगा, बल्कि अगर सबूतों के साथ छेड़छाड़ की आशंका है, तो जमानत से इनकार किया जा सकता है.

न्यायमूर्ति योगेश खन्ना ने कहा, ‘मौजूदा प्राथमिकी में आरोप सबूतों के साथ छेड़छाड़ पर आधारित है, इस प्रकार जांच के प्रारंभिक चरण को देखते हुए, मैं इस स्तर पर याचिकाकर्ताओं को जमानत देने के लिए तैयार नहीं हूं. याचिकाएं खारिज की जाती हैं.’ अदालत ने तिवारी और नागपुर के वकील आनंद दिलीप डागा की जमानत याचिकाओं पर एक साझा आदेश पारित किया. CBI ने अपने सब-इंस्पेक्टर तिवारी, वकील डागा, जो देशमुख के वकील के रूप में काम कर रहे थे, और अन्य के खिलाफ रिश्वत सहित विभिन्न आरोपों को लेकर मामला दर्ज किया था. CBI ने कहा कि आरोप गंभीर हैं और आरोपियों की रिहाई निष्पक्ष जांच के लिए नुकसानदायक हो सकती है. CBI ने कहा कि जांच अभी शुरुआती चरण में है और आरोपी जांच को प्रभावित कर सकते हैं और सबूतों के साथ छेड़छाड़ कर सकते हैं. तिवारी और डागा ने निचली अदालत के जमानत याचिकाएं खारिज करने संबंधी आदेश को चुनौती दी थी.

Check Also

शनिश्चरी अमावस्या एवं सूर्य ग्रहण आज एक साथ; भारत में नहीं दिखेगा सूर्य ग्रहण का असर

भोपाल (Bhopal) . आज शनिश्चरी अमावस्या एवं सूर्यग्रहण एक साथ है. इस अवसर पर राजधानी …