Wednesday , 2 December 2020

सीएम गहलोत ने कहा, कोविड-19 के विकट दौर में जीवन रक्षा सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता

जयपुर (jaipur) . राजस्थान (Rajasthan) के मुख्यमंत्री (Chief Minister) अशोक गहलोत (Ashok Gehlot) ने कहा कि कोविड-19 (Covid-19) के विकट दौर में जीवन रक्षा राज्य सरकार (State government) की सर्वोच्च प्राथमिकता है.यह देखकर निजी अस्पताल भी कोविड रोगियों के लिए बैड की संख्या बढ़ाकर राज्य सरकार (State government) की ओर से निर्धारित दरों पर ही इलाज उपलब्ध कराएं. उन्होंने निर्देश दिए कि प्रशासनिक अधिकारियों एवं चिकित्सा विभाग की टीम सुनिश्चित करे कि लोगों को निजी अस्पतालों में उपचार को लेकर कोई असुविधा नहीं हो. गहलोत ने कहा कि त्यौहारी सीजन, शादियों, प्रदूषण एवं सर्दी के कारण आगामी समय में संक्रमण तेजी से फैल सकता है.यह ध्यान में रखकर राजकीय एवं निजी अस्पतालों में ऑक्सीजन एवं आईसीयू बैड सहित अन्य चिकित्सा सुविधाओं का विस्तार जरूरी है.

मुख्यमंत्री (Chief Minister) ने कहा कि मरीजों में कोरोना के प्रभाव में भिन्नता देखी जा रही है. कई रोगियों में यह बेहद खतरनाक रूप में सामने आ रहा है. उन्होंने कहा कि परिस्थितियों के अनुरूप अगर मेडिकल प्रोटोकॉल में बदलाव की आवश्यकता है,तब इसके लिए विशेषज्ञों की एक टीम गठित कर मेडिकल प्रोटोकॉल पर अध्ययन करवाया जाए ताकि हम कोविड रोगियों को और बेहतर इलाज उपलब्ध करवा सकें. गहलोत ने कहा कि कई मामलों में सामने आया है कि ऑक्सीजन का स्तर अचानक नीचे जाने से लोगों की मृत्यु हो जाती है. इससे बचाव के लिए नियमित रूप से ऑक्सीजन लेवल चेंक करना जरूरी है. इसके लिए राज्य सरकार (State government) ने प्रदेशभर के एएनएम स्तर तक के चिकित्साकर्मियों को पहले से ही पल्स ऑक्सीमीटर दे दिए हैं. अब सभी आशा सहयोगिनियों को भी पल्स ऑक्सीमीटर दिए जाएंगे ताकि लोग आसानी से अपना ऑक्सीजन लेवल जांच सकें.

मुख्यमंत्री (Chief Minister) ने कहा कि कोई बीमारी गांव-शहर देखकर नहीं आती है. गांवों में भी कोविड-19 (Covid-19) से अब तक 573 मौत हो चुकी हैं जो कुल मौतों का 27 प्रतिशत है, इसलिए ग्रामीणजन इस बीमारी को हल्के में ना लें. वे मास्क लगाएं और अन्य हैल्थ प्रोटोकॉल की पूरी तरह पालना करें. साथ ही, सर्दी, जुकाम, खांसी जैसे लक्षण नजर आने पर तुरंत प्रभाव से जांच कराएं और इलाज लेने में देरी ना करें. उन्होंने अधिकारियों को ग्रामीण क्षेत्रों में भी टेस्टिंग बढ़ाने के निर्देश दिए. मुख्यमंत्री (Chief Minister) ने कहा कि कोविड रोगियों के लिए अस्पतालों में पर्याप्त संख्या में बैड उपलब्ध हैं. अगर किसी रोगी को बैड उपलब्ध नहीं होने सहित कोई भी समस्या है तो वह केन्द्रीकृत हैल्पलाइन नम्बर 181 पर सम्पर्क कर सकता है.