जन्मदिन विशेष : कन्हैयालाल सेठिया और आत्माराम रावजी देशपांडे की रचनाओं ने समाज को दी नई दिशा
नई दिल्ली, 11 सितंबर . साहित्य और समाज का रिश्ता चोली दामन का है. यह दोनों एक दूसरे के पूरक हैं और एक दूसरे के बिना अधूरे हैं. साहित्य जो विमर्श गढ़ता है, उसकी छाप समाज पर भी पड़ती है. ऐसे ही मशहूर साहित्यकार कन्हैयालाल सेठिया की रचनाएं सामाजिक कुरीतियों पर प्रहार करती हैं और … Read more