Tuesday , 15 June 2021

अज्ञात जालसाज पर मामला दर्ज

जबलपुर, 21 मार्च . जिलें में जिस गति से ऑनलाईन ठगी का मामला बढ़ रहा है वो चौकाने वाला है. पहले जहां सिर्पâ बेरोजगार युवक ही ऑनलाईन ठगी का शिकार होते थे तो अब पढ़े लिखे सरकारी कर्मचारी तक सायबर क्राइम के मकड़जाल में उलझकर ठगे जा रहे हैं. पनागर थाना क्षेत्र में एक रेलवे (Railway)कर्मचारी ऑनलाईन ठगी का शिकार बना. ठगों ने स्टेशन मास्टर के खाते से चार लाख 24 हजार 997 रुपए ऑनलाइन निकाल लिए. सायबर पुलिस (Police) ने त्वरित कार्रवाई कर पीड़ित के एक लाख रुपए बचा लिए तो वहीं दो अन्य खाते भी सीज कर दिए है. पनागर पुलिस (Police) ने बताया कि स्टेशन मास्टर ने आईडीएफसी के एलटीआईबी बांड में निवेश किया था. उसकी मैच्योरिटी पूरी होने पर भुगतान कराना था. इसकी जानकारी लेने उन्होंने गूगल पर कस्टमर केयर नंबर सर्च किया, लेकिन यह नंबर जालसाज का लग गया. आरोपी ने एनीडेस्क एप डाउनलोड कराकर खाते से पैसे निकाल लिए.

जानकारी के मुताबिक मुकेश चौरसिया रामनगर निवासी देवरी में स्टेशन मास्टर हैं. 23 फरवरी को आईडीएफसी के एलटीआईबी बांड के मैच्योरिटी भुगतान को समझने गूगल पर नंबर ढूंढ रहे थे. उनकी बात नोएडा (Noida) के किसी राहुल मल्होत्रा से हुई. आरोपी ने झांसे में फंसाते हुए कहा कि नेटवर्क की समस्या है. फिर मोबाइल नंबर से संपर्क कर एनीडेस्क एप डाउनलोड कराया. इसके बाद नेटवर्किंग के माध्यम से आधार नंबर, पेन नंबर, यूजर आईडी, पासवर्ड डलवाया और पैसे निकाल लिए.

आरोपियों की तलाश जारी……..

सायबर सेल जबलपुर (Jabalpur)में सूचना दी. वहां के प्रयासों से उसके खाते में एक लाख रुपए वापस आ गए. शेष रकम आरोपी अपने खाते से दूसरे खाते में ट्रांसफर कर निकाल चुका था. पनागर थाना प्रभारी आरके सोनी ने बताया कि पीड़ित के बाकी पैसे भी वापिस लाने की प्रक्रिया चल रही है. आरोपियों को पकड़ने की टीम जबलपुर (Jabalpur)से भेजी जाएगी.

Please share this news