Tuesday , 25 February 2020
बैंकर्स एवं अधिकारीगण अपने-अपने लक्ष्यों को समय से पूर्ण करें -जिलाधिकारी

बैंकर्स एवं अधिकारीगण अपने-अपने लक्ष्यों को समय से पूर्ण करें -जिलाधिकारी

सुलतानपुर . जिलाधिकारी सी0 इन्दुमती की अध्यक्षता में जिला परामर्शदात्री समिति(डीसीसी) की बैठक आज कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में आयोजित हुई, जिसमें सभी सम्बन्धित अधिकारी एवं बैंकर्स के साथ जिलाधिकारी द्वारा गहन समीक्षा कर आवश्यक दिशा निर्देश सम्बन्धित अधिकारियों को दिये गये. बैठक में भारतीय स्टेट बैंक के प्रबन्धक के अनुपस्थित रहने पर स्पष्टीकरण लिये जाने का निर्देश दिया. बैठक में जिलाधिकारी ने जनपद में प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना, किसान क्रेडिट कार्ड योजना, प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना, अधिकृत बैंक शाखाओं में आधार नामांकन,अद्यतन केन्द्र, वार्षिक ऋण योजना, फसली ऋण योजना, ऋण जमानुपात, दीनदयाल अन्त्योदय योजना, प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम, मुख्यमंत्री युवा स्वरोजगार, एक जनपद एक उत्पाद योजना, प्रधानमंत्री मुद्रा योजना, स्टैण्डअप इण्डिया योजना, प्रधानमंत्री सुरक्षा बीमा योजना व प्रधानमंत्री जीवन ज्योति योजना, 2022 तक किसानों की आय दोगुना करने के सम्बन्ध में, प्राथमिकता प्राप्त क्षेत्र तथा समाज के कमजोर वर्गों को ऋण उपलब्ध कराना, सरकार द्वारा प्रायोजित योजनान्तर्गत सहायता एवं शिक्षा ऋण प्रदान करना, वित्तीय समावेशन, आरसेटी- बड़ौदा स्वरोजगार विकास संस्थान को आवंटित भूमि पर भवन निर्माण की प्रगति आदि बिन्दुओं पर गहन समीक्षा की गयी. उन्होंने सभी जिला समन्वयक एवं सम्बन्धित अधिकारियों को निर्देशित किया कि शीघ्र ही आवंटित लक्ष्यों की पूर्ति प्राथमिकता के आधार पर निस्तारित करें. प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि के लाभार्थियों को केसीसी लोन का लाभ अतिशीघ्र दिलाया जाये, जिससे किसानों को असुविधा न हो. उन्होंने अपर जिलाधिकारी(प्रशा0) को निर्देशित किया कि सभी उप जिलाधिकारी अपने-अपने तहसील में लेखपालों के माध्यम से खसरा, खतौनी किसानों को सरलता पूर्वक उपलब्ध करायें, जिससे किसानों को शासन द्वारा दी जा रही सुविधा का पाने में असुविधा न हो. ऐसे किसान क्रेडिट कार्ड धारक लाभार्थी जो खेती के अतिरिक्त पशु पालन अथवा मत्स्य पालन व दोनों प्रकार के कार्य करते हैं. उन किसानों का किसान क्रेडिट कार्ड की सीमा नियमानुसार बढ़ायी जाये. यह अभियान 22 फरवरी, 2020 तक चलाया जायेगा.जिलाधिकारी ने सभी जिला समन्वयकों एवं सम्बन्धित अधिकारियों को निर्देशित किया कि ऋण प्रवाह में गति लायें, जिससे कि जनपद के ऋण जमानुपात में वांछित वृद्धि हो सके. इसी प्रकार ऋण जमानुपात 31 दिसम्बर, 2019 तक की प्रगति रिपोर्ट पर चर्चा भी की गयी. बैठक में भारतीय स्टेट बैंक के प्रबन्धक के अनुपस्थित रहने पर स्पष्टीकरण लिये जाने का निर्देश एलडीएम को दिये. इस अवसर पर मुख्य विकास अधिकारी रमेश प्रसाद मिश्र, अपर जिलाधिकारी(प्रशा0) हर्ष देव पाण्डेय, उप निदेशक कृषि शैलेन्द्र कुमार शाही, जिला विकास अधिकारी डाॅ0 डी0आर0 विश्वकर्मा, डीसी एनआरएलएम, डीसी उद्योग, एलडीएम आर0पी0 अरोड़ा, अग्रणी अधिकारी मीतेश शर्मा, नाबार्ड अशोक कुमार, बैंकर्स सहित सम्बन्धित अधिकारी आदि उपस्थित रहे.