लखनऊ, 5 अप्रैल . समाजवादी पार्टी (सपा) के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने अंबेडकरनगर में अपनी झुग्गी के पास तोड़फोड़ के दौरान किताबों को समेटते हुए नजर आने वाली बच्ची अनन्या यादव को सम्मानित किया. इस दौरान उन्होंने भाजपा सरकार को घेरा और कहा कि भाजपा का 80-20 का नारा भी नहीं चलने वाला है.
उल्लेखनीय है कि यूपी के अंबेडकरनगर में अतिक्रमण की कार्रवाई के मौके पर आठ साल की बच्ची अनन्या यादव अपने घर से स्कूल बैग लेकर भागी थी. उस दौरान उसका घर ध्वस्त किया जा रहा था. स्कूल बैग लेकर भागने का वीडियो सोशल मीडिया पर खूब वायरल हो रहा है.
सपा मुखिया अखिलेश यादव ने पत्रकारों से बातचीत में कहा कि भ्रष्टाचार का ऐसा नजारा किसी सरकार में नहीं देखा होगा कि एक आईएएस अधिकारी और उसके दलाल को पकड़ लिया गया. सुनने में आ रहा है कि वह एक नहीं, कई लोगों का मैनेजमेंट करता था. यह भ्रष्टाचार का मामला नहीं था. बंटवारे के झगड़े में पोल खुल गई. भाजपा का 80-20 का नारा भी नहीं चलने वाला है. यह 80-20 का नहीं, 90-10 मामला है.
अखिलेश यादव ने कहा, “आधी आबादी इनसे बहुत ज्यादा पीड़ित है. आधी आबादी और पीडीए को जोड़ दें तो हिसाब-किताब 90-10 का बनता है. भाजपा चाहती है कि बुनियादी सवाल नहीं हो. आज गेहूं की खरीदी चल रही है. क्या सरकारी खरीद हो रही है? सरकार ने हाथ खड़े कर दिए हैं. सरकार ने गेहूं खरीदने के लिए लाइसेंस दिए हैं. युवाओं को नौकरी नहीं मिल रही है. सरकार ने बाजार के हाथों सब सौंप दिया है.”
अखिलेश यादव ने कहा कि सरकार अमेरिका के राष्ट्रपति से सीखे, जो अपने देश को बचाने के लिए दूसरे देशों पर पाबंदी लगा रहे हैं. उन्होंने सवाल किया कि चीन पर पाबंदी अपनी अर्थव्यवस्था को बचाने के लिए लगानी चाहिए या नहीं? उन्होंने कहा कि वह लोग कमजोर हो गए हैं. उनका वोट खिसक गया. जनता जागरूक हो गई है. अब तो टैरिफ वाला मामला आ गया. सरकार यह बताए कि हमारी-आपकी अर्थव्यवस्था कहां खड़ी है.
उन्होंने कहा कि महाकुंभ आने-जाने में जिन श्रद्धालुओं की जान चली गई, उनकी गिनती नहीं बता पाए हैं. जो लोग खो गए हैं, उनके बारे में नहीं बताया जा रहा है. सुनने में आ रहा है कि परिवारों को संतुष्ट करने के लिए काले धन का इस्तेमाल किया जा रहा है. यह सरकार सब कुछ खोने के बाद साम्प्रदायिकता की राजनीति कर रही है.
सांसद लालाजी सुमन के घर में तोड़फोड़ को लेकर अखिलेश यादव ने कहा कि यह बहुत सेंसिटिव मामला है. जब संसद के रिकॉर्ड से वह बात हटा दी गई है. मैं कई बार कह चुका हूं कि इतिहास के पन्ने नहीं पलटने चाहिए. इतिहास में अच्छाई और बुराई दोनों हैं. सोशल मीडिया पर बदनाम करने के लिए भाजपा के कई वरिष्ठ नेता करोड़ों रुपए खर्च कर रहे हैं. सपा और कांग्रेस के खिलाफ दुष्प्रचार किया जा रहा है.
अखिलेश ने कहा कि ये लोग पीडीए से घबराए हैं. वक्फ बोर्ड का मामला देखा ही होगा. उन्होंने भाजपा के लोगों को सबसे बड़ा भूमाफिया बताते हुए कहा कि गोरखपुर, अयोध्या में इन मामलों में बहुत कुछ पता चल जाएगा. उन्होंने बताया कि ‘अंबेडकर जयंती’ के अवसर पर आठ अप्रैल से 14 अप्रैल तक ‘समाजवादी बाबासाहेब अम्बेडकर वाहिनी’ एवं ‘समाजवादी अनुसूचित जाति प्रकोष्ठ’ के संयुक्त तत्वावधान में सपा के सभी कार्यालयों, सभी जन प्रतिनिधियों के स्थानीय व आवासीय कार्यालयों में ‘स्वाभिमान-स्वमान समारोह’ आयोजित किया जाएगा.
–
विकेटी/एएस