मऊ, 27 मार्च . योगी सरकार के आठ वर्ष पूरे होने के उपलक्ष्य में उत्तर प्रदेश के मऊ जिले में नगर क्षेत्र के जीवन राम छात्रावास मैदान में ‘सेवा, संकल्प और सुरक्षा’ के तहत आयोजित एक कार्यक्रम में राज्य के ऊर्जा मंत्री अरविंद कुमार शर्मा ने शिरकत की.
इस दौरान उन्होंने बिजली विभाग में सुधार और भ्रष्टाचार के खिलाफ सख्त रुख अपनाने की बात कही.
मंत्री ने कहा, “मुझे मंत्री बने तीन साल ही हुए हैं. जब मैं आया था, तब तार जर्जर थे, खंभे गिर रहे थे, ट्रांसफार्मर ओवरलोडेड थे. उस वक्त चिल्लाने या सस्पेंड करने से क्या होता? लेकिन तीन साल में 3,300 लोग सस्पेंड हुए हैं. अब हम उस स्थिति में हैं कि मैं डंके की चोट पर कह सकता हूं कि मऊ, गाजीपुर, दोहरीघाट में बिजली नहीं कटनी चाहिए. जहां 24 घंटे का रोस्टर है, वहां 24 घंटे और जहां 18 घंटे का है, वहां 18 घंटे बिजली मिले, हमने यह सुनिश्चित किया है.”
उन्होंने बिजली कर्मचारियों को चेतावनी देते हुए कहा, “हमने आपको पैसा, सामान, टेक्नोलॉजी और तीन साल का समय दिया. अब गलती बर्दाश्त नहीं होगी. अगर एक ट्रांसफार्मर फुंकेगा, तो कार्रवाई होगी.”
हाल ही में एक जनसभा में “बत्ती गुल” की घटना पर मंत्री ने सफाई दी. उन्होंने कहा, “मैं चप्पल ढूंढ नहीं रहा था, मुझे चप्पल मालूम थी. हां, बिजली गई थी, लेकिन वह आ भी गई. इसके लिए दो लोगों को निलंबित किया गया और कार्रवाई जारी है.”
भ्रष्टाचार पर जीरो टॉलरेंस की नीति पर जोर देते हुए शर्मा ने कहा, “भ्रष्टाचारियों के लिए मैं कड़ी चेतावनी देता हूं, चाहे वह किसी भी विभाग का भ्रष्टाचारी हो, बख्शा नहीं जाएगा. आपने देखा होगा बिजली विभाग में 3,300 से ज्यादा लोगों को भ्रष्टाचार के मामले में नौकरी से निकाला गया है. करीब 85-90 लोगों पर एफआईआर हुई, जिसमें 50 सरकारी कर्मचारी और अधिकारी शामिल हैं. उत्तर प्रदेश में भ्रष्टाचार के खिलाफ सख्ती बरती जा रही है.”
सपा प्रमुख अखिलेश यादव के “सरकार गौशाला बनाकर दुर्गंध फैला रही है, हम इत्र बनाकर सुगंध फैला रहे” वाले बयान पर पलटवार करते हुए मंत्री ने कहा, “अखिलेश को गाय के गोबर से दुर्गंध लगती है, लेकिन सनातनियों और हिंदुओं के लिए यह पवित्र है. हम इससे पूजा का चौका बनाते हैं, घर का लेपन करते हैं, गणेश जी की मूर्ति बनाते हैं. किसी को दुर्गंध लगती है, हमारे लिए यह पूजनीय है. अखिलेश यादव को उनकी मान्यता मुबारक.”
–
एकेएस/एकेजे