कोलकाता, 26 फरवरी . पश्चिम बंगाल की दार्जिलिंग सीट से भाजपा सांसद राजू बिस्ता ने बुधवार को राजधानी कोलकाता में राज्यपाल सी.वी. आनंदबोस से मुलाकात कर चाय बागान क्षेत्र की समस्याओं से उन्हें अवगत कराया. उन्होंने टी-गार्डन के मालिकों या निवेशकों से संबंधित एक कानूनी मुद्दे पर राज्यपाल से कार्रवाई की अपील की.
बिस्ता ने मीडिया से बातचीत में कहा कि उनकी मुलाकात का उद्देश्य मुख्यमंत्री ममता बनर्जी की सरकार की शिकायत करना था, क्योंकि दार्जिलिंग की समस्याओं पर राज्य सरकार कोई ध्यान नहीं देती. उन्होंने आरोप लगाया कि चाय बागान से 30 प्रतिशत जमीन लेने की बात की गई थी, जो गैरकानूनी है. इस पर राज्यपाल ने आश्वासन दिया कि वह कानून के तहत उचित कदम उठाएंगे.
राजू बिस्ता ने पश्चिम बंगाल की तृणमूल कांग्रेस सरकार पर “हिंदू विरोधी बयान” देने का आरोप लगाया और कहा कि यह सरकार हिंदुओं की छुट्टियों को काटने की कोशिश करती है. उनका कहना था कि मुख्यमंत्री ममता बनर्जी और तृणमूल कांग्रेस के दूसरे नेता बार-बार हिंदू धर्म के खिलाफ बयान दे रहे हैं, जो पश्चिम बंगाल में हिंदू समुदाय को संगठित करने में मदद कर रहे हैं. उन्होंने यह भी कहा कि पश्चिम बंगाल के हिंदू समुदाय का संगठित होना जरूरी है, ताकि राज्य और देश की रक्षा की जा सके.
इससे पहले कोलकाता नगर निगम ने हिंदी स्कूलों में विश्वकर्मा पूजा की छुट्टी को हटाकर ईद-उल-फितर की छुट्टी एक दिन से बढ़ाकर दो दिन कर दी थी, जिससे विवाद उत्पन्न हो गया. हालांकि, बाद में नोटिस जारी करके इसे निरस्त कर दिया गया और संबंधित अधिकारी से तीन दिन के भीतर जवाब मांगा गया है.
राजू बिस्ता ने इस मामले पर कहा कि यह गलती केवल पश्चिम बंगाल में हो रही है, और उन्होंने मुख्यमंत्री और तृणमूल को इसके लिए धन्यवाद दिया, क्योंकि इसके चलते हिंदू समुदाय को एकजुट होने का अवसर मिल रहा है.
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पीएसएम/एकेजे