रामनवमी पर मुंबई में सुरक्षा कड़ी, 13,580 पुलिसकर्मी रहेंगे तैनात

मुंबई, 5 अप्रैल . रामनवमी का त्योहार देशभर में 6 अप्रैल को मनाया जाएगा. इसके लिए हर जगह प्रशासन तैयारियों में जुटा है. मुंबई पुलिस ने भी सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए हैं. मुंबई में रामनवमी के दिन किसी भी तरह की अप्रिय घटना न हो, इसके लिए भारी संख्या में पुलिस बलों की तैनाती करने का फैसला लिया गया है.

रामनवमी के मौके पर सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए बड़ी तैयारी करते हुए मुंबई पुलिस ने 13,580 जवानों को सड़क पर तैनात करने का फैसला किया है. इनमें 2,500 से ज्यादा अधिकारी और 11,000 पुलिस कर्मचारी शामिल हैं, जो रामनवमी के अवसर पर सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने का काम करेंगे.

मुंबई पुलिस ने सुरक्षा को लेकर खास ध्यान रखा है और शहर के विभिन्न हिस्सों में स्थिति को नियंत्रित करने के लिए 20 डीसीपी (उपायुक्त), 51 एसीपी (सहायक पुलिस आयुक्त) और एसआरपीएफ (स्टेट रिजर्व पुलिस फोर्स) की नौ टीमों को तैनात किया जाएगा. विशेषकर संवेदनशील इलाकों पर पुलिस की निगरानी और सुरक्षा बढ़ा दी जाएगी.

रामनवमी के मौके पर मुंबई पुलिस की कोशिश है कि शांति व्यवस्था बनी रहे. पुलिस के अधिकारी और कर्मचारी सभी संदिग्ध गतिविधियों पर नजर बनाए रखेंगे ताकि किसी भी अप्रिय घटना से निपटा जा सके.

कई अन्य राज्यों में भी रामनवमी को देखते हुए पुलिस-प्रशासन ने विशेष इंतजाम किए हैं. पश्चिम बंगाल के कुछ हिस्सों में रामनवमी समारोहों के दौरान संभावित तनाव की खुफिया चेतावनी के मद्देनजर, राज्य और कोलकाता पुलिस ने रविवार को हर जुलूस पर व्यापक निगरानी रखने का फैसला किया है. निगरानी को मजबूत करने के लिए, राज्य में जुलूस के प्रमुख मार्गों पर अतिरिक्त सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं.

इसके अलावा, सुरक्षा के लिए तैनात पुलिसकर्मियों को घटनाओं का पारदर्शी दस्तावेजीकरण सुनिश्चित करने के लिए बॉडी कैमरा से लैस किया जाएगा. कोलकाता में, ड्रोन निगरानी जमीनी स्तर की निगरानी का पूरक होगी. मार्गों पर तैनात सभी अधिकारियों और कर्मियों को पर्याप्त सुरक्षात्मक गियर पहनने की सलाह दी गई है. राज्य पुलिस ने पूरे बंगाल में 10 विशेष रूप से संवेदनशील क्षेत्रों की पहचान की है. संबंधित पुलिस आयुक्तालय के जिला पुलिस अधीक्षकों और आयुक्तों को इन क्षेत्रों में कड़ी सुरक्षा व्यवस्था लागू करने के निर्देश दिए गए हैं.

पीएसके/एकेजे