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Tuesday, 3 November 2026
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निजी स्कूलों की मान्यता मामले में पूर्व डीएमके मंत्री को झटका, पुलिस रिमांड पर भेजे गए

निजी स्कूलों की मान्यता मामले में पूर्व डीएमके मंत्री को झटका, Police रिमांड पर भेजे गए

चेन्नई, 2 नवंबर . एक विशेष भ्रष्टाचार-विरोधी अदालत ने Monday को चेन्नई Police की केंद्रीय अपराध शाखा (सीसीबी) को पूर्व डीएमके स्कूल शिक्षा मंत्री अंबिल महेश पोय्यामोझी को विस्तृत पूछताछ के लिए Police हिरासत में लेने की अनुमति दे दी.

तमिलनाडु भर में निजी शिक्षण संस्थानों को वैधानिक मंजूरी देने से जुड़े 400 करोड़ रुपए के बड़े रिश्वत घोटाले के हाई-प्रोफाइल आरोपों के बाद यह बहु-दिवसीय हिरासत आज दोपहर 1:00 बजे से शुरू होकर 4 नवंबर की शाम तक चलेगी.

सीसीबी ने पूर्व मंत्री को 26 अक्टूबर को गिरफ्तार किया था, जब प्रारंभिक जांच में निजी स्कूल प्रबंधनों को निशाना बनाकर कथित तौर पर एक व्यवस्थित जबरन वसूली रैकेट का खुलासा हुआ था. जांचकर्ताओं का कहना है कि अधिकारी और बिचौलिए नियमित रूप से स्कूल मालिकों को ‘पार्टी फंड’ की आड़ में भारी रकम देने के लिए मजबूर करते थे.

इसके बदले में, विभाग ने स्थायी Governmentी मान्यता प्रक्रिया में तेजी की, संस्थागत उन्नयन के लिए मंजूरी दी, और नगर एवं ग्रामीण योजना निदेशालय (डीटीसीपी) और चेन्नई महानगर विकास प्राधिकरण (सीएमडीए) के माध्यम से महत्वपूर्ण भवन निर्माण संबंधी मंजूरी जारी की. प्रारंभिक गिरफ्तारी के बाद, महेश को 6 नवंबर तक चेन्नई के पुझल केंद्रीय जेल में न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया था.

हालांकि उनकी बचाव टीम ने तुरंत जमानत याचिका दायर कर दी, लेकिन Police अभियोजकों ने एक जवाबी याचिका दायर कर वित्तीय लेन-देन की पूरी जानकारी जुटाने, आपत्तिजनक दस्तावेज जब्त करने और इस गिरोह में शामिल अन्य सह-साजिशकर्ताओं की पहचान करने के लिए उनकी शारीरिक हिरासत की मांग की.

दोनों पक्षों की विस्तृत दलीलें सुनने के बाद भ्रष्टाचार विरोधी मामलों की विशेष अदालत ने आज Police हिरासत की अनुमति देने का फैसला सुनाने से पहले 2 नवंबर तक के लिए अपना आदेश सुरक्षित रख लिया.

प्रक्रियात्मक अधिकारों का कड़ाई से पालन सुनिश्चित करने के लिए विशेष अदालत ने आदेश दिया कि महेश से पूछताछ शुरू होने से पहले उनकी पूरी तरह से चिकित्सा जांच कराई जाए.

अदालत ने जांच टीम को पूर्व मंत्री को किसी भी प्रकार की शारीरिक या मानसिक यातना न देने की स्पष्ट चेतावनी दी.

इसके अलावा, अदालत ने महेश का प्रतिनिधित्व कर रहे वकील को पूछताछ की पूरी प्रक्रिया के दौरान कमरे में मौजूद रहने की अनुमति दी. अदालत ने सीसीबी को आदेश दिया है कि पूछताछ की अवधि समाप्त होने के बाद आरोपी को 5 नवंबर को शाम 5:00 बजे फिर से अदालत के समक्ष पेश किया जाए, जबकि प्रवर्तन एजेंसियां ​​इस घोटाले से जुड़े व्यापक मनी लॉन्ड्रिंग चैनलों की समानांतर जांच कर रही हैं.

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एमएस/

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