Saturday , 11 July 2020
चीन की चुप्पी से परिजन परेशान

चीन की चुप्पी से परिजन परेशान


बीजिंग . भारत-चीन सीमा पर गलवां घाटी में हिंसक झड़प में मारे गए अपने जवानों के बारे में चीन ने अब तक कुछ नहीं बताया है. चीन की कम्युनिस्ट पार्टी के फैसले और सरकार (Government) की चुप्पी से अपने प्रियजनों को खोने वाले परिवार परेशान हैं. मृतक जवानों के परिजनों को चुप कराने में चीन की सरकार (Government) को खासी मशक्कत करनी पड़ रही है.

मीडिया (Media) रिपोर्ट के अनुसार, दरअसल मृतकों के परिजनों का धैर्य जवाब देने लगा है और अब वे वीबो सहित अन्य प्लेटफॉर्म पर जाकर अपने गुस्से और खीझ का इजहार कर रहे हैं. दरअसल 15 जून की घटना के बाद भारत ने तो स्वीकार किया था कि उसके 20 जवान शहीद हुए, लेकिन चीन अब तक गोलमोल तरीके से कहता आ रहा है कि उसके केवल कुछ अधिकारी मारे गए हैं. वहीं भारत सरकार (Government) ने चीन के 43 जवानों के मारे जाने और घायल हाने का दावा किया था. चीन की सरकार (Government) हालांकि अपने मृत जवानों की संख्या पर मौन है, लेकिन वहां के सरकारी अखबार के मुख्य संपादक हू शीजिन ने खुलासा किया है कि लद्दाख में दोनों पक्षों में हिंसक झड़प के दौरान बड़ी संख्या में चीनी जवान भी मारे गए हैं.