Tuesday , 22 September 2020

उदयपुर की फिल्म सिटी का सपना सच, अलसीगढ़ में बन रहा है उदयपुर का पहला फिल्म सिटी

फिल्मसिटी होगा नया टूरिस्ट डेस्टिनेशन, स्थानीय कलाकारों को मौका, रोजगार के नए अवसर

उदयपुर (Udaipur). शहरवासियों का उदयपुर (Udaipur) में फिल्मसिटी होने का बरसों पुराना सपना अब सच होने जा रहा है. झाड़ोल तहसील के अलसीगढ़ क्षेत्र में विशाल ‘कलाक्षेत्र’  स्टूडियो फिल्मसिटी की शीघ्र ही स्थापना होने जा रही है जो फिल्मसिटी के साथ ही देश-विदेश के पर्यटकों के लिए एक शानदार टूरिस्ट डेस्टिनेशन भी होगा. यही नहीं यह थीम बेस्ड शाही शादियां, विश्वस्तरीय कार्यक्रमों, सम्मेलनों, डांस शो, रियलिटी शो, रिकॉॅर्ड होल्डिंग इवेंट, इन्फोटेनमेंट शो आदि का भी प्रमुख केंद्र भी बनेगा. यहां स्थानीय कलाकारों को विश्वस्तरीय कलाकारों के साथ काम करने का मौका तो मिलेगा व साथ ही बड़ी संख्या में उदयपुर (Udaipur) के लोगों को रोजगार के नए व शानदार अवसर भी मिल सकेंगे. यह जानकारी शनिवार (Saturday) को आयोजित प्रेसवार्ता में कलाक्षेत्र के फाउंडर सुनील भट्ट ने दी. इस फिल्मसिटी के फाउंडर सुनील भट्ट व जसवंत परमार तथा ऑनर साहिल भट्ट, पुनीत जैन हैं. यही नही इस फिल्मसिटी को लेकर मुम्बई से विख्यात फ्रेम्स प्रोडक्शन हाउस के साथ इसका टाइअप है जिसके ऑनर हेमंत रूपारेल व रंजीत ठाकुर हैं.

कला क्षेत्र के फाउंडर सुनील भट्ट ने बताया कि अरावली की हरी-भरी पहाडिय़ों के बीच बसी झीलों की नगरी का प्राकृतिक सौंदर्य बरसों से देश और दुनिया के पर्यटकों व फिल्म निर्माताओं को अपनी ओर आकर्षित करता रहा है. प्रकृति की इस नियामत को अब फिल्म स्टूडियो के जरिये पूरी दुनिया को दिखाया व सराहा जाएगा. यहां के लोगों का बरसों पुराना अपनी फिल्मसिटी का सपना कलाक्षेत्र स्टूडियो फिल्म सिटी के माध्यम से सच होने जा रहा है. ‘कलाक्षेत्र’ का शाब्दिक अर्थ कला का क्षेत्र होता है जिसमें कला के आधार पर किसी विशिष्ट जगह को जाना तथा आत्मसात किया जा सकता है. यहां पर परफॉर्मिंग आट्र्स और मोशन पिक्चर्स का केंद्र विकसित किया जाएगा जिससे विश्वपटल पर उदयपुर (Udaipur) का नाम और अधिक प्रसिद्ध होगा. यह स्टूडियो उदयपुर (Udaipur) को विश्वस्तरीय आयोजनों, पेजेंट्री और बहुराष्ट्रीय सम्मेलनों के वैश्विक मानचित्र पर भी रखेगा. इस स्टूडियो की स्थापना के साथ ही उदयपुर (Udaipur) में पर्यटन बूम आएगा व रोजगार के नए अवसर खुलेंगे.

फाउंडर जसवंत परमार ने बताया कि 150 से अधिक बीघा में फैली यह फिल्मसिटी उदयपुर (Udaipur) जिले की झाड़ोल तहसील के पीपलवास, अलसीगढ़ में बनने जा रही है जो खूबसूरत (Surat) पहाड़ी क्षेत्र में समुद्र तल से 540 मीटर की ऊंचाई  पर स्थित है. अलसीगढ़ प्रकृति की गोद में बसा एक  छोटा सा गांव हैं जो उदयपुर (Udaipur) का तेजी से विकसित हो रहा पर्यटन क्षेत्र है. अलसीगढ़ के रास्ते में दर्जनों छोटे-छोटे गांव, झरने और हरे-भरे खेत दिखाई देंगे. यह स्थान मंत्रमुग्ध कर देने वाले परिदृश्यों को पूरी दुनिया से परिचित कराएगा. कलाक्षेत्र स्टूडियो फिल्मसिटी अपने कई सेट्स और सुविधाओं के कारण निर्माताओं और निर्देशकों के लिए आने वाले समय में पसंदीदा स्थान होगा. इसके अलावा वेब सिरीज, डेली सोप ओपरा सहित सभी ऑनलाइन प्लेटफार्म के लिए तैयार होने वाले सीरियल, शॉर्ट फिल्म्स आदि को भी शानदार लोकेशन व एक्सपोजर यहां मिल सकेगा. यह फिल्मसिटी एक ऐसा बुनियादी ढांचा बनाने के लिए प्रयासरत है जो हर तरह से फिल्म निर्माता के मिशन को पूरा करती है. फिल्मांकन और शूटिंग के अलावा, स्टेज परफॉर्मिंग आट्र्स, ओपन माइक, गिग्स, इन हाउस और ओपन एयर कॉन्सट्र्स, थिएटर वर्कशॉप, इवेंट्स, कॉन्क्लेव, प्रदर्शनियों और शादियों का अवसर भी प्रदान करेगा.

फिल्मसिटी के स्टूडियो में मिलने वाली सुविधाएं : डेढ़ सौ बीघा क्षेत्र में विस्तृत फिल्मसिटी का एक स्टूडियो कलाक्षेत्र बनकर तैयार है जिसमें 12500 वर्गफुट साउंड प्रूफ ए.सी. हॉल, (40 फीट ऊंचाई), रहने के लिए 10 डीलक्स कमरे, 8 मेकअप रूम, रसोई के लिए पर्याप्त जगह, कैंटीन 1000 वर्गफुट, स्टोर रूम छोटे आयोजनों के लिए, 5000 वर्गफुट की छत, लगभग 2000 वर्गफुट का छोटा गार्डन आदि हैं. साढ़े बारह हजार फीट के चालीस फीट ऊंचाई के डो में डोम में एक पिलर नहीं है.  फिल्मसिटी में भविष्य में किसी भी प्रकार के विकास के लिए पर्याप्त जगह है. सुविधाओं के विस्तार के साथ ही यहां पर कई स्टूडियोज में एक साथ कई फिल्मों अथवा एक ही फिल्म के कई हिस्सों की शूटिंग हो सकेगी. हॉस्पिटल, कोर्ट, मंदिर, मार्केट व अलग-अलग लॉकेशन मिल सकेगी. मुंबई (Mumbai) की तर्ज पर यहां पर ऐसे सेट्स भी होंगे जिनको रीयूज भी किया जा सकेगा. आउटडोर शूटिंग के लिए प्राकृतिक पहाडिय़ां, घाटियों, झीलों, गांव को लिया जा सकता है. स्टूडियो महाराणा प्रताप हवाई अड्डा, डबोक से 50 किमी तथा उदयपुर (Udaipur) सिटी रेलवे (Railway)स्टेशन से 27 किमी की दूरी पर है. वृहद विचार यह है कि यहां एक ही छत के नीचे कला और गति चित्रों के प्रदर्शन के लिए एक केंद्र विकसित कर उदयपुर (Udaipur) को एक नया मुकाम दिया जा सके. उदयपुर (Udaipur) के सुरम्य सौंदर्य की संभावनाओं को साकार करने और चलचित्रों और टेलीविजन के वैश्विक उद्योग के साथ संबंध बनाकर स्थानीय अर्थव्यवस्था के बीच नेटवर्क स्थापित करने का भरसक प्रयास रहेगा.

फ्रेम्स प्रोडक्शन हाउस के बारे में : फ्रेम्स प्रोडक्शन हाउस मुंबई (Mumbai) का ख्यातिप्राप्त प्रोडक्शन हाउस है जिसने कई कॉमेडी विद कपिल सहित रियालिटी शोज को प्रमोट किया है जैसे इडियाज बेस्ट डांसर, सुपर डांसर-3, कानपुर (Kanpur) वाले खुरानाज, द कपिल शर्मा शो, दिल है हिन्दुस्तानी-2, सुपर डांसर-2, सबसे बड़ा कलाकार आदि सुपरहिट टीवी शोज शामिल हैं. फ्रेम्स प्रोडक्शन हाउस के ऑनर हेमंत रूपारेल और रंजीत ठाकुर भी इस फिल्मसिटी से एसोसिएट के रूप में जुड़े है. फि़ल्मसिटी से इन दोनों ही नामचीन लोगो के जुडऩे से इनके अनुभवों का फायदा मिलेगा. हेमंत और रंजीत ने उदयपुर (Udaipur) को काफी खूबसूरत (Surat) शहर बताते हुए यहाँ पर फि़ल्म और शो मेकिंग की अपार संभावनाएं बतायी. इस दौरान हेमन्त और रंजीत ने राजस्थान (Rajasthan) की पहली फि़ल्मसिटी उदयपुर (Udaipur) में खुलने पर खुशी जताते हुए कहा कि अब तक उदयपुर (Udaipur) आउटडोर शूटिंग के लिए जाना जाता था लेकिन अब सुनील भट्ट और जसवंत परमार की इस पहल से अब यह इंडोर शूटिंग के लिए पहचाना जाएगा.

राजस्थान (Rajasthan) में भी मिलनी चाहिए सब्सिडी : प्रेसवार्ता में फिल्मसिटी के फाउंडर सुनील भट्ट और जसवंत परमार ने अन्य राज्यों की तरह राजस्थान (Rajasthan) में भी फिल्मसिटी को कई प्रकार की सब्सिडीज देने की मांग की.  दोनों फाउंडर मेम्बर्स का कहना है कि सरकार (Government) इसमे साथ दे तो वर्ल्‍डमें टूरिस्ट डेस्टिनेशन के रूप में मशहूर उदयपुर (Udaipur) में भी फिल्म निर्माता प्रमुख शूटिंग स्थल के रूप में अपनी पहचान बना सकते है.