Sunday , 18 April 2021

करोडो की जालसाजी करने वाले बिल्डर की धरपकड के लिये पुलिस दे रही ठिकानों पर दबिश

भोपाल (Bhopal) . भूमि स्वामियों को झांसा देकर निजी बैंक (Bank) से करोड़ों रुपये का लोन लेने वाले बिल्डर के खिलाफ मिसरोद पुलिस (Police) ने धोखाधड़ी का केस दर्ज किया है. मामले मे बैंक (Bank) अफसरों को भी आरोपी बनाया गया है. बताया गया है कि शातिर बिल्डर ने भूमि स्वामियों से एक प्रोजेक्ट का अनुबंध कर उनकी जमीन बैंक (Bank) में गिरवी रखवा दी और प्रोजेक्ट भी पूरा नहीं किया. आरोपी की गिरफ्तारी के लिए पुलिस (Police) की दो टीमे उसके ठिकानों के साथ ही आरोपी बैंक (Bank) अधिकारियों की भी तलाश कर रही है.

मिसरोद थाना पुलिस (Police) के मुताबिक मामले की शिकायत रमेश कुमार भावनानी, शीतल देवी, पिनन चावला, रोशन चावला, दर्शन चावला समेत अन्य लोगों ने की थी. फरियादियो ने पुलिस (Police) को बताया कि उनकी करीब 23 एकड़ जमीन ग्राम समरधा में है. साल 2009 में उन्होंने अपनी जमीन का अनुबंध एक प्रोजेक्ट के लिए सुनील मूलचंदानी से किया था. इस प्रोजेक्ट के तहत साल 2014 तक करीब 2200 फ्लैट्स और शापिंग मॉल समेत अन्य निर्माण कार्य होना था. इसके लिए सुनील ने भूमि स्वामियों को झांसे में लेकर उक्त जमीन को डीएचएलएफ होम लोन फाइनेंस कंपनी में गिरवी रखवाकर 44 करोड़ का लोन ले लिया. प्रोजेक्ट पूरा नहीं हुआ तो दोबारा 44 करोड़ का लोन लिया गया. इसके बाद भी काम पूरा नहीं हुआ तो तीन साल पहले 100 करोड़ का लोन लिया, जिसमें से पहले वाला लोन चुकाया गया.

हालांकि इसके बाद भी प्रोजेक्ट का काम पूरा नहीं हो पाया. इसके साथ ही बैंक (Bank) द्वारा केवल तीन एनओसी जारी की गई थी, लेकिन सुनील ने फर्जी एनओसी बनाकर कई रजिस्ट्रियां भी करवा दी. इस काम में बैंक (Bank) कर्मचारियों की भी मिलीभगत रही. शिकायत की जांच के बाद पुलिस (Police) ने सुनील मूलचंदानी, गोपीचंद मूलचंदानी, डीएचएलएफ बैंक (Bank) के निदेशक कपिल वाधवान, डायरेक्टर धीरज वाधवान समेत अन्य कर्मचारियों के खिलाफ धोखाधड़ी की विभिन्न धाराओं के तहत केस दर्ज कर मामले की जांच शुरु की है.

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