Wednesday , 30 September 2020

विकास दुबे केस में जैसे-जैसे होती गईं गिरफ्तारियां वैसे-वैसे बढ़ते गए नाम

कानपुर (Kanpur) . कानपुर (Kanpur) के विकास दुबे केस में आरोपियों के नामों की लिस्ट लंबी होती जा रही है. जैसे-जैसे गिरफ्तारी हो रही हैं वैसे-वैसे मुकदमो में नए-नए नाम जुड़ेते जा रहे हैँ. अब तक 20 नए लोगों के नाम जुड़ चुके हैं. डीआईजी डॉ. प्रीतिन्दर सिंह का कहना है कि बदमाशों की गिरफ्तारी के बाद उनसे की गई पूछताछ में कई राज खुल रहे हैँ. उनकी निशानदेही के आधार पर अन्य लोगों के नाम भी केस से जोड़े जा रहे हैं.

पुलिस (Police) ने इस मामले में अब तक धीरज, क्षमा पत्नी संजय उर्फ संजू दुबे, खुशी पत्नी अमर दुबे निवासी, रेखा अग्निहोत्री पत्नी दयाशंकर निवासी, संजय दुवे उर्फ संजू दुबे, सुरेश वर्मा, शान्ति देवी पत्नी रमेश चन्द्र निवासी, रमेश चंद्र, मनीष उर्फ वीर, शिवम उर्फ दलाल, सुशील कुमार तिवारी उर्फ सोनू,.गुड्डन उर्फ अरविन्द त्रिवेदी, जयकान्त वाजपेयी, प्रशान्त शुक्ता, कृष्ण कुमार शर्मा, राहुल पाल, शिवली, विनय तिवारी, नन्हे यादव, बब्लू मुसलमान, राजेंद्र मिश्रा और रामू से पूछताछ की है.

50 हजार के इनामी और विकास के गुर्गे रावेन्द्र कुमार उर्फ रविन्द्र कुमार उर्फ रामू बाजपेई की निशानदेही पर पुलिस (Police) ने एक राइफल और खोखा बरामद किया है. रामू बाजपेई इसी मामले में जेल गए श्यामू बाजपेई का चचेरा भाई है. बिकरू गांव के रामू की ससुराल सुज्जा निवादा गांव में है. शनिवार (Saturday) को वह ससुराल गया था. वहां से रविवार (Sunday) रात निकला. उसी दौरान चौबेपुर पुलिस (Police) और एसटीएफ की संयुक्त टीम ने उसे गिरफ्तार कर लिया. पुलिस (Police) को उसने एक राइफल की जानकारी दी. पुलिस (Police) ने बिकरू गांव के पश्चिम ठाकुर तालाब के आगे एनकाउंटर में मारे गए अमर दुबे के खेत के बगल में बांसों और झाड़ियों के बीच से राइफल बरामद कर ली. वहां से 315 बोर का एक जिंदा कारतूस और 5 खोखे भी मिले.

रामू बाजपेई ने 2 जुलाई की रात विकास दुबे के साथ मिलकर पुलिस (Police) पर फायरिंग की थी. वह वहां से पैदल भाग निकला था. अमर दुबे के खेत के पास असलहा छिपाने के बाद रामू ने नहर तैर कर पार की फिर शिवली से किसी से लिफ्ट लेकर कानपुर (Kanpur) देहात निकल गया. वहां से इटावा और रूरा में छिप कर रहा. वहां से सुज्जा निवादा अपनी ससुराल आया और एक बार फिर भागने की फिराक में था तभी पुलिस (Police) ने उसे दबोच लिया. रामू के परिवार में पत्नी योगिता के अलावा बेटा तेजस, पिता राधेश्याम और मां अन्नपूर्णा हैं.

रामू ने पुलिस (Police) को बताया है कि 29 जून को अमर दुबे की शादी थी तब उसमें आसपास के जिलों के अपराधियों के अलावा शहर से भी अपराधी पहुंचे थे. सभी वहां पर रुके थे और रोज पार्टी हो रही थी. 2 जुलाई को भी लोग वहां मौजूद थे. जब विकास को पुलिस (Police) दबिश की सूचना मिली तो उसने सभी को रोक लिया और असलहा भी उपलब्ध कराए. ज्यादातर लोगों के पास पहले से भी असलहे थे. रामू ने पुलिस (Police) को यह भी बताया कि जब फायरिंग हुई तो वह और चचेरा भाई श्यामू एक ही छत पर मौजूद थे और पुलिस (Police) पर फायरिंग की.

मुठभेड़ में मारे गए अभियुक्त
पुलिस (Police) ने पुलिस (Police) दल पर हमला करने वाले छह अभियुक्तों विकास दुबे पुत्र राम कुमार दुबे, राजाराम उर्फ प्रेमकुमार उर्फ प्रेमप्रकाश पुत्र छोटेलाल, अमर दुबे पुत्र संजीव दुबे, प्रभात मिश्रा पुत्र राजेन्द्र, प्रवीन शुक्ल उर्फ बउवन पुत्र ओमप्रकाश, अतुल दुबे पुत्र सूर्य कुमार को पुलिस (Police) ने मुठभेड़ में मार गिराया है.

एफआईआर (First Information Report) में नामजद अभियुक्त
श्यामू बाजपेई पुत्र राजेन्द्र कुमार निवासी बिकरू, छोटू शुक्ला उर्फ अखिलेश निवासी बिकरू, शाशिकान्त पण्डित उर्फ सोनू प़ुत्र प्रेम कुमार पाण्डेय निवासी बिकरू, रामू बाजपेयी पुत्र राधेश्याम निवासी बिकरू, दयाशंकर अग्निहोत्री पुत्र श्यामनारायण निवासी बिकरू, गोपाल सैनी पुत्र रामधार निवासी बिकरू, उमाकान्त उर्फ गुड्डन पुत्र मूलचन्द्र निवासी बिकरू, बालगोविन्द पुत्र मेवालाल निवासी बिकरू, शिवम दुबे पुत्र बाल गोविन्द निवासी बिकरू, धर्मेन्द्र उर्फ हीरू दुबे निवासी बिकरू, जहान यादव पुत्र संतराम वादव निवासी कांशीराम निवादा, रामसिंह पुत्र छोटेलाल निवासी सु्ज्जा निवादा
विष्णु पाल यादव पुत्र देवी प्रसाद निवासी सुज्जानिवादा
शिवतिवारी पुत्र दिनेश निवासी वसेन, विमल प्रकाश निवासी कंजती इस घटना के नामजद आरोपी हैं.